सिंगरौली | अमन सिंह
सिंगरौली जिले के शासकीय उत्कृष्ट कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, चितरंगी में अतिथि शिक्षक नियुक्ति प्रक्रिया पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। सामाजिक विज्ञान विषय की चयनित अभ्यर्थी सारिका जायसवाल ने विद्यालय के प्राचार्य पर ज्वाइनिंग कराने के एवज में ₹20 हजार की रिश्वत मांगने का आरोप लगाया है। शिकायत सामने आने के बाद जिला कलेक्टर ने मामले की जांच के आदेश दे दिए हैं।
चयन के बाद भी नहीं मिली ज्वाइनिंग
शिकायत के अनुसार, ग्राम सैलवार निवासी सारिका जायसवाल का अतिथि शिक्षक भर्ती प्रक्रिया में स्कोर कार्ड के आधार पर चयन शासकीय उत्कृष्ट कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, चितरंगी में हुआ था। अभ्यर्थी का कहना है कि वह 31 जुलाई 2026 को कार्यभार ग्रहण करने विद्यालय पहुंची, लेकिन विद्यालय के प्राचार्य बालेश्वर प्रसाद तिवारी ने उन्हें ज्वाइनिंग देने से मना कर दिया।
’20 हजार दो, तब होगी ज्वाइनिंग’ का आरोप
अभ्यर्थी का आरोप है कि काफी देर तक अनुरोध करने के बाद प्राचार्य ने कथित रूप से कहा कि ₹20 हजार देने पर ही ज्वाइनिंग कराई जाएगी। सारिका जायसवाल का कहना है कि वह आर्थिक रूप से कमजोर परिवार से हैं और इतनी राशि देने में असमर्थ हैं। इसके कारण उनकी नियुक्ति अब तक लंबित है, जिससे उनके भविष्य और आजीविका पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है।
कलेक्टर से की निष्पक्ष जांच की मांग
पीड़ित अभ्यर्थी ने जिला कलेक्टर को लिखित शिकायत देकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने, नियमानुसार तत्काल ज्वाइनिंग दिलाने तथा आरोप सत्य पाए जाने पर संबंधित अधिकारी के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई की मांग की है।
कलेक्टर ने दिए जांच के आदेश
मामले को गंभीर मानते हुए जिला कलेक्टर ने शिकायत की जांच के आदेश जारी कर दिए हैं। प्रशासन का कहना है कि जांच रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद तथ्यों के आधार पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
प्राचार्य का पक्ष नहीं मिल सका
मामले में विद्यालय के प्राचार्य बालेश्वर प्रसाद तिवारी का पक्ष जानने के लिए दूरभाष पर संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन संपर्क नहीं हो सका। समाचार प्रकाशित किए जाने तक उनका पक्ष प्राप्त नहीं हो पाया।
(नोट : यह समाचार शिकायत में लगाए गए आरोपों पर आधारित है। आरोपों की पुष्टि जांच के उपरांत ही होगी। संबंधित पक्ष का पक्ष उपलब्ध होने पर उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।)






