सतना। मध्यप्रदेश/
सतना जिला अस्पताल से संबद्ध शासकीय ब्लड ट्रांसफ्यूजन व्यवस्था से जुड़े एक गंभीर प्रकरण में थैलेसीमिया से पीड़ित चार बच्चों के एचआईवी पॉजिटिव पाए जाने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने औपचारिक जांच शुरू कर दी है।मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए स्वास्थ्य आयुक्त के निर्देश पर 6 सदस्यीय राज्यस्तरीय जांच समिति गठित की गई है, जो बुधवार को सतना पहुंचकर तथ्यात्मक जांच करेगी।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार लगभग 7 माह पूर्व 5 थैलेसीमिया पीड़ित बच्चों में एचआईवी संक्रमण की पुष्टि हुई थी। इनमें से एक बच्चे के माता-पिता पहले से एचआईवी संक्रमित पाए गए हैं, जबकि शेष चार मामलों में संक्रमण के स्रोत का पता लगाया जा रहा है।
189 यूनिट रक्त ट्रांसफ्यूजन,200 से अधिक शासकीय रक्तदाता संपर्क में
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि एचआईवी पॉजिटिव पाए गए चारों बच्चे करीब 200 शासकीय रूप से पंजीकृत रक्तदाताओं के संपर्क में आए हैं। तीन शासकीय ब्लड बैंकों के माध्यम से अब तक 189 यूनिट रक्त का ट्रांसफ्यूजन किया जा चुका है। विभागीय स्तर पर ब्लड स्क्रीनिंग, टेस्टिंग रिपोर्ट और रिकॉर्ड संधारण की जांच की जा रही है।
राज्यस्तरीय जांच समिति में विशेषज्ञ शामिल
स्वास्थ्य आयुक्त द्वारा गठित समिति में—
क्षेत्रीय संचालक (स्वास्थ्य), रीवा संभाग,
राज्य ब्लड ट्रांसफ्यूजन काउंसिल के अधिकारी,एम्स भोपाल के ब्लड ट्रांसफ्यूजन विशेषज्ञ,वरिष्ठ ड्रग इंस्पेक्टर तथाजिला औषधि निरीक्षक,सतना को शामिल किया गया है।समिति को सभी पहलुओं की जांच कर रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए गए हैं।
स्थानीय स्तर पर भी विभागीय जांच
सिविल सर्जन द्वारा अलग से जांच समिति गठित की गई है, जिसमें शिशुरोग विशेषज्ञ, पैथोलॉजिस्ट और सहायक प्रबंधक को शामिल किया गया है। समिति को तीन दिनों में विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करनी होगी।
एड्स कंट्रोल नोडल अधिकारी को कारण बताओ नोटिस
प्रकरण से संबंधित सूचना समय पर साझा न किए जाने के संबंध में जिला एड्स कंट्रोल सोसायटी की नोडल अधिकारी को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। उन्हें तीन दिवस में स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।
रक्तदाताओं से संपर्क की प्रक्रिया जारी
संक्रमण की पुष्टि के बाद संबंधित रक्तदाताओं से संपर्क कर जांच की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। अब तक 15 रक्तदाताओं की जांच की गई, जिनकी रिपोर्ट एचआईवी निगेटिव पाई गई है। शेष रक्तदाताओं से संपर्क का प्रयास जारी है।
उच्च स्तर पर निगरानी
सूत्रों के अनुसार इस प्रकरण को नेशनल एड्स कंट्रोल ऑर्गेनाइजेशन (NACO) ने भी संज्ञान में लिया है। जांच पूर्ण होने के बाद ही आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।
✍️ अनिल कुशवाहा






