ब्यौहारी।मध्याह्न भोजन योजना के अंतर्गत स्कूली विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण, पौष्टिक और स्वच्छ भोजन सुनिश्चित करने के उद्देश्य से ब्यौहारी में एक अनूठी पहल की गई। जनपद पंचायत ब्यौहारी एवं जनपद शिक्षा केंद्र ब्यौहारी के संयुक्त तत्वावधान में 23 जून 2026 को विकासखंड स्तरीय कुकिंग प्रतियोगिता का सफल आयोजन किया गया। यह प्रतियोगिता सुबह 11:00 बजे से दोपहर 3:00 बजे तक चली, जिसमें कुक-कम-हेल्परों ने अपनी पाक कला, नवाचार और रचनात्मकता का शानदार प्रदर्शन किया।
: : स्थानीय व्यंजनों और मोटे अनाजों पर रहा विशेष जोर : इस प्रतियोगिता का मुख्य उद्देश्य मध्याह्न भोजन में उपयोग होने वाली सामग्रियों से ही स्वादिष्ट, पौष्टिक एवं संतुलित व्यंजन तैयार करने की संस्कृति को बढ़ावा देना था। कार्यक्रम में स्थानीय स्तर पर मिलने वाली हरी सब्जियों, मोटे अनाजों (मिलेट्स) और अन्य पोषक खाद्य पदार्थों के उपयोग को प्रोत्साहित किया गया। आयोजन का एक बड़ा लक्ष्य ऐसे पारंपरिक और स्थानीय व्यंजनों की पहचान करना भी था, जिन्हें आने वाले समय में मध्याह्न भोजन के नियमित मेनू में शामिल किया जा सके। इसके साथ ही खाद्य सुरक्षा, स्वच्छता और शासन द्वारा निर्धारित पोषण मानकों के प्रति जागरूकता बढ़ाने पर भी जोर दिया गया।
: : विधायक सहित कई वरिष्ठ अधिकारी रहे मौजूद : इस गरिमामयी कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में क्षेत्रीय विधायक श्री शरद जुगलाल कोल उपस्थित रहे। उनके साथ जनपद उपाध्यक्ष श्री राजू सिंह, मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्रीमती कल्पना यादव, जनपद शिक्षा केंद्र ब्यौहारी के समन्वयक श्री मनोज केशरवानी, एम.डी.एम. शाखा प्रभारी श्री उदयभान सिंह पेडो और लेखाधिकारी श्री तीरथ कुमार वर्मा सहित जनपद कार्यालय के कई अधिकारी-कर्मचारी व विभिन्न विभागों के प्रमुख विशेष रूप से उपस्थित रहे।
: : भोजन ही बच्चों के सर्वांगीण विकास का आधार , विधायक :
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक श्री शरद जुगलाल कोल ने कहा कि मध्याह्न भोजन केवल एक योजना नहीं है, बल्कि यह स्कूली विद्यार्थियों के स्वास्थ्य, बेहतर पोषण और उनके सर्वांगीण विकास का सबसे महत्वपूर्ण आधार है। उन्होंने बच्चों के लिए भोजन तैयार करने वाले स्व-सहायता समूहों और कुक-कम-हेल्परों के योगदान की मुक्त कंठ से सराहना की। विधायक ने उपस्थित सभी समूहों से अपील की कि वे भोजन में स्थानीय खाद्य सामग्रियों और पोषक तत्वों से भरपूर व्यंजनों का अधिक से अधिक उपयोग करें ताकि बच्चों को भरपूर पोषण मिल सके।
: : विकासखंड ब्यौहारी अंतर्गत कुल 145 रसोइयों के पंजीयन : इसमे से 85 प्रतिभागियों ने प्रतियोगिता में सहभागिता की। कोदो-कुटकी विभिन्न प्रकार की सब्जियाँ,आम बागज़ा विविध स्वादिष्ट एवं पौष्टिक व्यंजन प्रस्तुत किए गए।व्यंजनों का मूल्यांकन स्वाद, पौष्टिकता, स्वच्छता, प्रस्तुतीकरण एवं लागत प्रभावशीलता के आधार पर किया गया। इसके लिए गठित निर्णायक समिति में श्री शिव बहादुर सिंह, श्री प्रभात निगम (शिक्षक), श्रीमती रानी गुप्ता (शिक्षिका), रोशनी गौतम (महिला एवं बाल विकास परियोजना अधिकारी) एवं अंकुश दास बनी (एडीईओ) शामिल रहे।
मूल्यांकन उपरांत प्रतियोगिता के परिणाम इस प्रकार रहे—
प्रथम स्थान – श्रीमती रीना नट, सांदीपनि विद्यालय मऊ
द्वितीय स्थान – श्रीमती सुभद्रा पटेल, माध्यमिक विद्यालय भोगिया एवं श्रीमती द्रोपती शर्मा, माध्यमिक विद्यालय सुखा
तृतीय स्थान – श्रीमती ममता कुशवाहा, प्राथमिक विद्यालय कुआं कोलान; श्रीमती रेखा पांडे, वार्ड नंबर 2 ब्यौहारी; श्रीमती ममता कहार, विद्यालय मुदरिया
सांत्वना पुरस्कार प्राप्तकर्ता— श्रीमती सरोज ढीमर (न्यू बरौंधा ब्यौहारी), श्रीमती लक्ष्मी गुप्ता (माध्यमिक ब्यौहारी), श्रीमती सावित्री सिंह (प्रा. विद्यालय घिसला देवरी)।
कार्यक्रम में कुल 9 विजेता समूहों को सम्मानित किया गया। प्रथम पुरस्कार ₹5000, द्वितीय ₹3000-₹3000, तृतीय ₹2000-₹2000 तथा सांत्वना पुरस्कार ₹1000-₹1000 की राशि के चेक एवं प्रमाण-पत्र मुख्य अतिथि द्वारा प्रदान किए गए।
कार्यक्रम का सफल संचालन श्री योगेंद्र कुमार पांडे (जन शिक्षक, ब्यौहारी) द्वारा किया गया I जिसमें अधिकारियों, कर्मचारियों, स्व-सहायता समूहों एवं प्रतिभागियों का उल्लेखनीय सहयोग रहा। इस प्रतियोगिता के माध्यम से मध्याह्न भोजन की गुणवत्ता सुधार, पोषण संबंधी जागरूकता में वृद्धि तथा स्थानीय खाद्य परंपराओं के संरक्षण एवं संवर्धन की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की गई।








