आगामी विधानसभा चुनाव के मद्देनजर महत्वपूर्ण प्रशासनिक बदलाव, विभागों में सुचारू कामकाज सुनिश्चित
भोपाल। मध्य प्रदेश सरकार ने आगामी विधानसभा चुनाव 2026 के दृष्टिगत प्रशासनिक स्तर पर एक महत्वपूर्ण फेरबदल किया है। सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा जारी आदेश के अनुसार, राज्य के कुल 27 वरिष्ठ भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) अधिकारियों को विभिन्न राज्यों में चुनाव प्रेक्षक के रूप में नियुक्त किया गया है। ये अधिकारी असम, केरल, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल और पुडुचेरी में आयोजित होने वाले विधानसभा चुनावों में अपनी सेवाएं देंगे।
इस दौरान इन अधिकारियों की अनुपस्थिति के कारण उनके विभागीय कार्य प्रभावित न हों, इसके लिए उनके वर्तमान कर्तव्यों और जिम्मेदारियों का अतिरिक्त प्रभार अन्य वरिष्ठ अधिकारियों को सौंपा गया है। इससे यह सुनिश्चित किया जाएगा कि विभागों का संचालन निर्बाध रूप से चलता रहे और चुनावी कार्यों की तैयारी के साथ-साथ राज्य के प्रशासनिक कार्यों में कोई रुकावट न आए।
प्रशासनिक आदेश राज्यपाल के नाम से मुख्य सचिव अनुराग जैन द्वारा जारी किया गया है। आदेश में स्पष्ट किया गया है कि यह व्यवस्था संबंधित अधिकारियों के मुख्यालय से बाहर रहने की अवधि तक ही प्रभावी रहेगी। उनके प्रभार का स्थानांतरण अस्थायी है और चुनावी ड्यूटी पूरी होने के बाद सभी अधिकारी अपनी मूल पदस्थापना पर लौट आएंगे।
इस आदेश की प्रतिलिपि मुख्यमंत्री कार्यालय, मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी और सभी संबंधित विभागों को सूचनार्थ भेज दी गई है। अधिकारियों के चुनावी कर्तव्य में शामिल होने से राज्य सरकार की प्राथमिकता यह सुनिश्चित करना है कि चुनावी प्रक्रिया पारदर्शी, निष्पक्ष और प्रभावी रूप से संचालित हो।
विशेष रूप से ध्यान देने योग्य बात यह है कि इस प्रकार के प्रशासनिक फेरबदल से न केवल चुनावी संचालन सुचारू होता है, बल्कि राज्य के दैनिक प्रशासनिक कार्यों में भी किसी प्रकार की बाधा नहीं आती। वरिष्ठ IAS अधिकारियों का चुनावी अनुभव और प्रशासनिक दक्षता राज्यों में निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
इस फैसले से यह भी संकेत मिलता है कि मध्य प्रदेश सरकार चुनाव की तैयारियों के प्रति गंभीर है और प्रशासनिक संसाधनों का व्यवस्थित उपयोग सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक कदम उठा रही है।











