June 15, 2024

VINDHYA CITY NEWS

सच्‍ची खबर अच्‍छी खबर

सेल्समैनों की शुरू है मनमानी, हितग्राही परेशान कौन है जिम्मेदार

मित्रों के साथ शेयर करें



सिंगरौली जिले की खाद्यान्न वितरण व्यवस्था बेपटरी पर आ चुकी है जिला खाद्य महकमा के कृपा पात्र से कई सेल्समैनों की मनमानी चल रही है। खाद्यान्न में कटौती एवं नियमित वितरण न करने की लगातार शिकायतें मिल रही हैं। जांच के नाम पर खाद्य महकमा कोरमपूर्ति कर दे रहा है। जिससे चुनावी साल में भाजपा सरकार की खूब किरकिरी हो रही है और ग्रामीणों में खाद्यान्न महकमे के खिलाफ भी नाराजगी के साथ- साथ उनकी कार्यप्रणाली से विश्वास उठता जा रहा है गौरतलब हो कि प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान का साफ संदेश है कि यदि खाद्यान्न वितरण में अनियमितता हुई और उपभोक्ताओं को निर्धारित मात्रा में खाद्यान्न नहीं मिला, समय से राशन की दुकानें नहीं खुलीं तो ऐसी शिकायतें मिलने पर संबंधित विक्रेता के विरूद्ध सख्त कार्रवाई की जायेगी। खाद्यान्न माफियाओं को किसी भी हालत में बक्सा नहीं जायेगा। मुख्यमंत्री का यह संदेश शायद सिंगरौली जिले के खाद्य महकमा तक नहीं पहुंचा है यही कारण बता जा रहा है कि जिले की खाद्यान्न वितरण व्यवस्था करीब- करीब अस्त-व्यस्त होकर बेपटरी पर आ गयी है ग्रामीण द्वारा लगातार शिकायतें मिल रही हैं कि समय से सरकारी राशन की दुकानें नहीं खुल जा रही हैं महीने में 3 से 4 दिन ही अधिकांश राशन की दुकानें खोली जा रही हैं। सेल्समैनों की मनमानी का से उपभोक्ता त्रस्त हो चुके हैं सिंगरौली जिले के चितरंगी ब्लाक अंतर्गत आने वाले सभी उचित मूल्य दुकान के सेल्समैन से यहां के ग्रामीण त्रस्त हो चुके हैं इन ग्रामीणों का आरोप है कि राशन वितरण में सेल्समैन के द्वारा मनमानी किया जा रहा शिकायत के बावजूद खाद्य विभाग मौन्

खाद्यान्न में कटौती, विभाग का अमला अंजान
उपभोक्ताओं को खाद्यान्न वितरण के दौरान एक-एक हितग्राहियों से एक से दो किलो खाद्यान्न की कटौती कर ली जा रही है। ऐसी शिकायतें कई राशन दुकानों से मिल रही हो हैं। इस तरह की शिकायतें करीब छः महीने से सर्वाधिक मिल रही हैं कई पे है उपभोक्ताओं का आरोप है कि शिकायत किये जाने के बावजूद खाद्य विभाग के विक्रेताओं पर दरियादिली दिखा रहा है आरोप यह भी लग रहा है सूत्रों की माने तो कि कई दुकानदारों से खाद्य निरीक्षकों का बेहतर तालमेल है और उनका महीने का फिक्स हिस्सा भी पहुंच जाता है इसीलिए ठोस कार्रवाई नहीं की जाती है।


मित्रों के साथ शेयर करें
error: Content is protected !!